Jalvayu Parivartan Chunotiya Evam Kushal Krishi Prabandhan
by Rakesh Kumar Sengar, Reshu Choudhary, Harendra Singh Bhadoriya, Shalini Gupta
ISBN: 9789371709842
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Imprint : Daya Publishing House
Year : 2027
Price : Rs. 12995.00
Biblio : xvi+274p., figs., tbls., ind., 25 cm
Author Profile
डॉ- आर-एस- सेंगर प्राध्यापक तथा विभागाध्यक्ष एवं निदेशक (प्रशिक्षण एवं सेवायोजन) के पद पर सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, मेरठ में कार्यरत है। डॉ- सेंगर गत 29 वर्षों से कृषि विज्ञान एवं बायोटेक्नोलॉजी के क्षेत्र में शिक्षा, शोध एवं प्रसार के कार्याे में योगदान दे रहें है।
डॉ- आर-एस सेंगर के कुशल मार्गदर्शन मेें 20 शोध छात्रें ने पी-एच-डी- डिग्र्री पूर्ण की है। डॉ- सेंगर को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर की विभिन्न संस्थाओं द्वारा लगभग 36 फेलोशिप एवं पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। डॉ- सेंगर के राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर 248 से अधिक शोध पत्र, 1164 पॉपुलर लेऽ, 21 पुस्तकों में अध्याय तथा 19 पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी है।
डॉ- रेशू चौधरी वर्तमान में बायोटेक्नोलॉजी विभाग, केरल वर्मा सुभारती कॉलेज ऑफ साइंस, स्वामी विवेकानंद सुभारती विश्वविद्यालय, मेरठ में सहायक प्रोफेसर के रूप में कार्यरत हैं। इन्होंने कृषि जैव प्रौद्योगिकी विभाग, कृषि महाविद्यालय में महिला वैज्ञानिक (डब्ल्यूओएस-ए, डीएसटी), सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, मेरठ और चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय, मेरठ में अतिथि संकाय के रूप में भी काम किया है। इनके विभिन्न राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय
पत्रिकाओं/ संगोष्ठियों में 25 से अधिक वैज्ञानिक पत्र/ लेऽ और शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं।
डॉ- एच-एस- भदौरिया प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष के पद पर कृषि अभियांत्रिकी विभाग, राजमाता विजया राजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय, ग्वालियर में कार्यरत हैं। डॉ- भदौरिया 35 वर्षों से कृषि विज्ञान के क्षेत्र में शिक्षा, शोध एवं प्रसार के कार्यों में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। विगत 30 वर्षों से अधिक
बी-एस-सी- (कृषि), एम-एस-सी- (कृषि) इंजीनियरिंग शिक्षण में अपना अहम योगदान दे रहे हैं तथा
पी-एच-डी- के छात्रें को उनके शोध कार्यों में अपना मार्गदर्शन भी दिया है।
डॉ- शालिनी गुप्ता प्राध्यापक के पद पर प्लांट बायोटेक्नोलॉजी संभाग, सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, मेरठ में विगत 20 वर्षों से कार्यरत है। डॉ गुप्ता विगत 20 वर्षों से कृषि विज्ञान, आनुवांशिकी एवं मोलीक्यूलर बायोटेक्नोलॉजी में शिक्षा, शोध एवं प्रसार के क्षेत्र में अपना योगदान दे रही हैं। डॉ- गुप्ता के राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर लगभग 50 से अधिक शोध पत्र, पुस्तकों के अध्याय एवं अनेक पॉपुलर लेऽ तथा पांच पुस्तके प्रकाशित हो चुकी हैं।
About The Book
प्रस्तुत पुस्तक जलवायु परिवर्तनः चुनौतियां एवं कुशल कृषि प्रबंधन में प्रस्तावना, जलवायु एवं ताप वृद्धि, जलवायु परिवर्तन के कारक, जलवायु परिवर्तन के प्रभाव, जलवायु परिवर्तन का कृषि पर प्रभाव, जलवायु परिवर्तन के परिवेश में कृषि का स्वरूप, जलवायु परिवर्तन और वैश्विक जल संकट, पर्यावरणीय परिवर्तन का मानव जीवन पर प्रभाव, ग्लोबल वार्मिंग से ऽेती पर संकट, जलवायु परिवर्तन और जलवायु अनुकूल टिकाऊ ऽेती तथा जलवायु परिवर्तन और कृषि वानिकी आदि की विस्तृत जानकारी दी गई है। प्रत्येक अध्याय में विषय से संबंधित सम्पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराने का प्रयास किया गया है। आवश्यक आंकड़े सारिणी के रूप में प्रस्तुत किये गये हैं। विषय को अधिक स्पष्ट बनाने के लिए बड़ी संख्या में चित्र दिये गये हैं। यद्यपि तकनीकी शब्दों को हिन्दी में देने का प्रयास किया गया है, तथापि स्पष्टतः बनाये रखने के लिए कोष्ठक में देवनागरी में शब्द लिखे गये हैं। वर्तमान पुस्तक बोलचाल की साधारण हिन्दी भाषा में लिखी गई है। देश के लगभग 70 प्रतिशत कृषि कार्य में लगे किसानों के लिए ही नहीं अपितु छात्रे, शिक्षको, वैज्ञानिको एवं प्रसार कार्यकर्ताओं के लिए भी यह पुस्तक परम् उपयोगी सिद्ध होगी।
Table of Contents
अनुसंशा अ
प्राक्कथन अपप
1- प्रस्तावना 1
जलवायु एवं विकास 1
जलवायु परिवर्तन से उपजा संकट 2
जलवायु परिवर्तन से पनप सकती हैं संक्रामक बीमारियां 3
जलवायु की विकास को चुनौती 5
बढ़ता पारा बढ़ता संकट 13
धरती को बचाने के लिए भारत की जवाबदेही 18
जलवायु एवं मौसम सर्वव्यापी उथल पुथल 19
जलवायु के प्रति आशंकायें 20
संयुक्त राष्ट्र संघ में बहुपक्षीय जलवायु परिवर्तन प्रणाली के
अंतर्गत स्थापित निधियां 22
जलवायु संकट से निपटने के लिए पर्यावरणीय मूल्य जरूरी बातें 22
2- जलवायु एवं ताप वृद्धि 25
जलवायु की परिभाषा 25
मौसम एवं जलवायु परिवर्तन 25
जलवायु के प्रकार 26
निम्न अक्षांश वाली जलवायु (उष्ण कटिबंधीय क्षेत्र) 26
मध्य अक्षांश वाली जलवायु (शीतोष्ण कटिबंधीय क्षेत्र) 27
बढ़ता तापमान गहराता संकट 28
झुलस रहा उत्तर भारत 29
तापवृद्धि क्यों? 32
ओजोन परत का क्षरण 33
बीमार धरती, बीमार लोग 34
तापवृद्धि एक अभिशाप 37
जलवायु परिवर्तन और ग्रीन हाउस गैसें 38
कृषि क्षेत्र से ग्रीन हाउस गैसों के उत्सर्जन का शमन (मिटीगेशन) 39
वैश्विक ताप वृद्धि 41
जलवायु परिवर्तन रिपोर्ट (2007) 42
वैश्विक हिमीकरण (कूलिंग) 42
पिघलते हिमालय से निकलेगी ठण्डक 43
सूरज को फिर तरसेगी पृथ्वी 44
नए भूगर्भीय युग की ओर कदम 45
फिर मिलेगा हिमयुग का तोहफा 46
साइबेरिया से भी ज्यादा ठंड 48
इंडेक्स रिपोर्ट के अनुसार जलवायु परिवर्तन 50
3- जलवायु परिवर्तन के कारक 53
अलनिनो एवं लानिनो 53
वनों की अंधाधुंध कटाई 54
वनोन्मूलन 58
वायुमण्डल में ग्रीन हाउस गैसें 60
वायुमंडल में ग्रीनहाउस गैसों की सांद्रता वृद्धि के कारण 61
ओजोन परत (दतरी) का क्षरण 74
अम्लीय वर्षा 79
परमाणु दुर्घटनायें एवं प्रकोपित अग्नि 81
जलवायु परिवर्तन के प्राकृतिक कारक 82
पृथ्वी द्वारा सूर्य का चक्कर लगाना 82
अन्य कारक 82
जलवायु परिवर्तन और सूक्ष्मजीवी 83
4- जलवायु परिवर्तन के प्रभाव 87
समुद्रीय जल स्तर का ऊँचा उठना 87
ग्लेशियरों का पिघलना 89
ग्रीनलैंड हिम चादर 94
जलवायु परिवर्तन से बाढ़ 95
जल की उपलब्धता पर प्रभाव 97
सूखा, गर्मी और लवणीयता पर प्रभाव 99
जलवायु परिवर्तन से ट्टतुओं में अनियमता 99
एलिनो अथवा काउन्टर करेन्ट 99
मानव स्वास्थ्य पर प्रभाव 100
रोगों का फैलाव 102
रोगाणुओं तथा कीटों के स्वभाव और संख्या में परिवर्तन 102
खाद्य सुरक्षा पर प्रभाव 103
ट्टतु परिवर्तन पर प्रभाव 103
जलवायु परिवर्तन का समाज पर प्रभाव 103
मानसूनी वर्षा का विस्तार होना और विकरण में कमी 103
प्राकृतिक आपदाओं का नियंत्रण 104
वायु प्रदूषकों का वनस्पतियों पर प्रभाव 104
ओजोन गैस का प्रभाव 109
ओजोन क्षरण का प्रभाव 113
जलवायु परिवर्तन का कीड़ों पर प्रभाव 114
जलवायु परिवर्तन का पशु जीवन पर प्रभाव 114
जलवायु परिवर्तन का कृषि पर प्रभाव 120
मौसम परिवर्तन से कृषि होने लगी प्रभावित 129
जलवायु परिवर्तन से कृषि अनुकूल भूमि का भौगोलिक विकास 133
प्रति डिग्री सैल्सियस बढ़ते ताप के सामान्य प्रभाव 134
जल की उपलब्धता पर प्रभाव 135
जलवायु परिवर्तन के संभावित प्रभाव (संक्षिप्त विवरण) 138
वैश्विक तपिश में झुलसती धरती और आसमान 139
जलवायु संकट से उभरने के लिए संयुत्तफ़ राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम 140
5- जलवायु परिवर्तन का कृषि पर प्रभाव 149
जलवायु परिवर्तन के मुख्य कारण 150
जलवायु परिवर्तन पर संभावित प्रभाव 151
वायुमंडल में ग्रीनहाउस गैसों की सांद्रता वृद्धि के कारण 152
मिथेन 155
सी-एफ-सी- 157
ओजोन 158
ग्रीनहाउस गैसों का प्रभाव 158
जलवायु परिवर्तन का कृषि पर प्रभाव 159
फसलों पर प्रभाव 159
गेहूं उत्पादन 160
धान का उत्पादन 160
जलवायु परिवर्तन का पशुओं पर प्रभाव 161
जलवायु परिवर्तन का जल संसाधन पर प्रभाव 161
जलवायु परिवर्तन का मिट्टðी पर प्रभाव 162
बढ़ते कार्बन डाइ-ऑक्साइड का प्रभाव 162
जल की उपलब्धता 164
मृदा की उर्वरता और उत्पादकता 166
सूऽा, गर्मी और लवणीयता की समस्या 166
ऽरपतवारों की समस्या 167
समुद्रतल में वृद्धि 167
जमीन पर जलस्रोतों में कमी 168
फसल क्रम में परिवर्तन 168
मानसूनी वर्षा का विस्तार और विकिरण में कमी 169
ऽेती योग्य भूमि का भौगोलिक विस्तार 169
रोगाणुओं तथा कीटों के स्वभाव और संख्या में परिवर्तन 170
फसलों की उत्पादकता तथा उत्पादन पर प्रभाव 171
शस्य क्रियाओं तथा शस्य परिपक्वता पर प्रभाव 174
ऽाद्य उत्पादों में परिवर्तन 174
पराबैंगनी किरणों के भूमि पर पहुंचने के प्रभाव 175
भविष्य में शोध की आवश्यकता 176
6- पराली जलाने से पर्यावरण परिवर्तन और प्रबंधन 177
पराली जलाने पर जुर्माना एवं सजा का प्रवधान 177
किसानों द्वारा पुआल जलाये जाने का कारण 178
किसान पराली क्यों जलाते हैं? 179
पराली जलाने के फायदे 181
पराली जलाने के क्या प्रभाव होते हैं? 181
हमारे पर्यावरण पर पराली जलाने के प्रतिकूल प्रभाव 182
नियंत्रण के उपाय 184
धान के पुआल से कम्पोस्ट बनाना एक सुरक्षित विकल्प 185
पुआल से तैयार कम्पोस्ट को भूमि में डालने से लाभ 185
पुआल से कम्पोस्ट बनाते समय सावधानियां 186
7- जलवायु परिवर्तन के परिवेश में कृषि का स्वरूप 189
जलवायु कार्यवाही सम्मेलन कॉप 28 में जीवाश्म ईंधन को 2050 तक
ऽत्म करने पर बनी सहमति 189
कॉप 28 जलवायु सम्मेलन के मुख्य बिंदु 190
जलवायु परिवर्तन से बचने के लिए जागरूकता 191
जैविक ऽेती 194
स्मार्ट ऽेती 194
संरक्षण ऽेती 195
मोटे अनाज की ऽेती पर जोर 195
धान की सीधी बुवाई 196
नीम/जिक/सल्फर लेपित यूरिया का प्रयोग 197
फसल अवषेषों को ऽेत में समाविष्ट करना 197
ड्रिप सिंचाई/फर्टिगेषन प्रणाली तथा जलवायु परिवर्तन 198
कृषि वानिकी को बढ़ावा 199
दुनिया को भूऽ से बचने के लिए यू एन का रोड मैप 199
वर्ष 2050 तक 10 अरब लोगों को पोषण चाहिए 200
यह है महत्वपूर्ण लक्ष्य 200
8- जलवायु परिवर्तन और वैश्विक जल संकट 201
पानी की उपलब्धता और तनाव 202
भूजल के स्तर में तालाब से हो रहा फायदा 204
संपोषणीय विकास लक्षण की दिशा में प्रगति 205
जल उपभोग, जल की कमी से संबंधित प्रमुऽ मुद्दे 207
नवाचार पर ध्यान देने की आवश्यकता 209
जल संसाधन प्रबंधन 210
डबलिन घोषणा पत्र की भूमिका 211
अनाज के साथ पानी का भी निर्यात न हो 212
सतत् विकास एजेंडा 2030 213
जल दूत एप की बढ़ेगी मांग 214
जलवायु परिवर्तन को देऽते हुए जल जीवन मिशन को बढ़ावा 214
9- पर्यावरणीय परिवर्तन का मानव जीवन पर प्रभाव 217
जलवायु परिवर्तन और मानव जीवन 218
वर्ष 2023 के दिसंबर में जलवायु परिवर्तन प्रदर्शन सूचकांक
में भारत सातवें स्थान पर 219
जलवायु परिवर्तन स्वास्थ्य पर प्रभाव डालता है 220
जलवायु परिवर्तन और मानव स्वास्थ्य पर प्रभाव 222
वायु प्रदूषण और मानव स्वास्थ्य पर प्रभाव 223
जल प्रदूषण और मानव स्वास्थ्य पर प्रभाव 224
10- ग्लोबल वार्मिंग से ऽेती पर संकट 229
ग्लोबल वार्मिंग ने बढ़ाया संकट 230
कृषि का विस्तारीकरण 231
कृषि वानिकी एवं उद्यानकी के क्षेत्र में व्यापक सुधार 232
मृदा उर्वरता संवर्धन 232
क्यों हो रही है ग्लोबल वार्मिंग 233
11- जलवायु परिवर्तन और जलवायु अनुकूल टिकाऊ ऽेती 235
क्या है जलवायु अनुकूल टिकाऊ ऽेती 236
जलवायु परिवर्तन की वैश्विक चुनौती 236
बीज विकास कार्यक्रम 237
एकीकृत कीट प्रबंधन आईपीएम कार्यक्रम 237
जैव विविधता प्रबंधन 237
जल उपयोग एवं प्रबंधन में सुधार 237
मिट्टðी और भूमि प्रबंधन से जलवायु अनुकूल ऽेती 238
नवाचार तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाना जरूरी 238
भारत में जलवायु अनुकूल टिकाऊ कृषि 238
जलवायु प्रतिरोधी कृषि पर राष्ट्रीय नवाचार 239
सतत् कृषि के लिए राष्ट्रीय मिशन एनएमएसए 239
जलवायु परिवर्तन के लिए राष्ट्रीय अनुकूलन फंड 239
जलवायु अनुकूल गांव 239
परंपरागत कृषि विकास योजना 240
बायोटेक किसान 240
एग्री फॉरेस्ट्री पर उपमिशन 240
राष्ट्रीय लाइव स्टॉक मिशन 240
राष्ट्रीय जल मिशन 240
12- जलवायु परिवर्तन और कृषि वानिकी 243
कृषि-वानिकी है किसानों की आय बढ़ने का बेहतर विकल्प 243
कृषि-वानिकी से मृदा स्वास्थ्य में सुधार 244
कृषि-वानिकी की पद्वतियां 244
कृषि वानिकी के लाभ 245
कृषि पर जलवायु परिवर्तन का प्रभाव 246
क्लाइमेट स्मार्ट एग्रीकल्चर उत्तम कृषि का विकल्प 247
सरकारी पहल 249
मौसम स्मार्ट तकनीकियां 249
जलवायु परिवर्तन से लगभग 10 लाऽ प्रजातियां विलुप्ति के कगार पर 250
जलवायु परिवर्तन में धान उत्पादन द्वारा अधिक आय 251
प्रमुख सन्दर्भ 257
अंग्रेजी-हिन्दी शब्दावली 263